बुधवार, 4 अगस्त 2010
MERI DIARY: बेचारा दुर्भाग्य
MERI DIARY: बेचारा दुर्भाग्य
: "दुर्भाग्य को बेचारा कहने पर बहुत से लोग शायद हंसने लगें...पर हकीकत यही है की अपनी करनी का ठीकरा अगर किसी पे फोड़ना हो तो दुर्भाग्य से अच्छा ..."
1 टिप्पणी:
kishore ghildiyal
ने कहा…
ati sundar
4 अगस्त 2010 को 6:47 am बजे
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ati sundar
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